तारों भरी रात है | जिसका हृदय विशाल हो | अंदर का सन्नाटा बोले | खुद को अपनाना सीखो

तारों भरी रात है | जिसका हृदय विशाल हो | अंदर का सन्नाटा बोले | खुद को अपनाना सीखो

तारों भरी रात है | जिसका हृदय विशाल हो | अंदर का सन्नाटा बोले | खुद को अपनाना सीखो रात रहती अंधेरीतारे भी अनगिनतमनदीप जले बसनिरंतर अनवरत— Sarvesh Kumar Gupta आओ न! तुम्हारा ही है … Read more

हर समस्या का समाधान | यूँ ही खयाल आया | खुद से मोहब्बत करके देखो | 

हर समस्या का समाधान | यूँ ही खयाल आया | खुद से मोहब्बत करके देखो | 

हर समस्या का समाधान | यूँ ही खयाल आया | खुद से मोहब्बत करके देखो |  हर किसी में हो ऐसा संतुलन,रहे सही दिशा और सही निर्देशन।– Sarvesh Kumar Gupta Khula aasmaan urte panchhiShant watavaran … Read more

ख़्वाहिशों से भरा बैग | नन्हे मन की दुनिया में | जीवन जादू का बक्सा

ख़्वाहिशों से भरा बैग | नन्हे मन की दुनिया में | जीवन जादू का बक्सा

ख़्वाहिशों से भरा बैग | नन्हे मन की दुनिया में | जीवन जादू का बक्सा छोटी छोटी बातों पर खुश हो लीजिये,ख़्वाहिश, ख़्वाब को तुम सजा लीजिये,रखिए सदा पास ख़्वाहिशों से भरा बैग,अधूरी आशाओं को … Read more

ज़िंदगी भर काम आया | हमारी प्यारी हिन्दी भाषा | अपनी राह पर ख़ुद चलना है

ज़िंदगी भर काम आया | हमारी प्यारी हिन्दी भाषा | अपनी राह पर ख़ुद चलना है

ज़िंदगी भर काम आया | हमारी प्यारी हिन्दी भाषा | अपनी राह पर ख़ुद चलना है रास्ते की ठोकरेंबड़ों की नसीहतेंमाँ बाप का प्यारजिंदगी भर काम आया– Sarvesh Kumar Gupta उच्च शिक्षाकाम करने की लगनऔऱ … Read more

संकोच है किस बात का | जाना पहचाना लगता है

संकोच है किस बात का | जाना पहचाना लगता है

संकोच है किस बात का | जाना पहचाना लगता है यह कभी भी कम सच नहीं है कि यह मुश्किल दिनों में से एक है, हम उन चीजों पर काम करने की कोशिश करते रहते … Read more

अपने दिल की सुनों | विश्वास किसी पर | कोई तरीक़ा तो होगा

अपने दिल की सुनों | विश्वास किसी पर | कोई तरीक़ा तो होगा

अपने दिल की सुनों | विश्वास किसी पर | कोई तरीक़ा तो होगा अपने दिल की सुनोंअक्सर देखा है जमाने में ,दूसरों से की मुहब्बत मुकम्मल नहीं होती।अगर करनी है मुहब्बत मुकम्मल यारों,तो दूसरों से … Read more

उम्मीदों की खिड़की | कभी अगर मैं रूठ जाऊं | खोजने से मिल जाता है

उम्मीदों की खिड़की | कभी अगर मैं रूठ जाऊं | खोजने से मिल जाता है

उम्मीदों की खिड़की | कभी अगर मैं रूठ जाऊं | खोजने से मिल जाता है उम्मीदों की खिड़की सदैव ले आती है रोशनी की किरणमुर्दों में भी जान आ जाती है ,आकाशी ताकतें करवटें लेने … Read more

अपनी क्षमता को तो तुम जानो, हर एक दोस्त जरूरी होता है

अपनी क्षमता को तो तुम जानो | हर एक दोस्त जरूरी होता है

अपनी क्षमता को तो तुम जानो | हर एक दोस्त जरूरी होता है क्यों घबराते होक्यों हार मानते होएक कदम बढ़ाकरअपनी क्षमता को तो तुम जानो।– Anita Gupta नहीं कभी पथभ्रमित होनाआत्म साक्षात्कार करो,क्षण मात्र … Read more